19 मई 2009

doobeyji


4 टिप्‍पणियां:

ज्ञानदत्त पाण्डेय | Gyandutt Pandey ने कहा…

यह तो बड़ा सीरियस चार्ज है। शायद सही न हो।

VIJAY TIWARI " KISLAY " ने कहा…

डूबेजी,
सच, बाजी तो पलट गई है,
लेकिन नेता इतने भी गिर सकते हैं,
कहा नहीं जा सक्ता !!!!!!
- विजय

mahashakti ने कहा…

उम्‍दा विचार

अल्पना वर्मा ने कहा…

:)..badhiya!